Wednesday, July 14, 2010

मेरा अनुमान

बिलासपुर  प्रॉपर्टी मार्केट के बारे में मैंने कुछ बाते लिखी थी मेरा अनुमान था की मार्केट की दिसंबर से अपनी रफ़्तार पकड़ेगा और कुछ ऐसा ही हुआ मार्च के अंत तक खास कर होउसिंग  सेक्टर पर यह ठीक रहा ! होउसिंग सेक्टर ठीक रहने का एक बड़ा करण होम लोन पर ब्याज दरें कम थी और कुछ कम्पनियों ने बहुत से स्कीम  लेकर आई थी जिस का बहुत से लोगो  ने फायदा उठाया है ! अप्रेल से जून तक भी प्रोपर्टी की कीमतों में बढोतरी जरी थी .. इस मार्केट की खासियत यह है की हर महीने 10 से 15 रूपये वर्ग फुट कीमते आपने आप बढ जाती है , कभी भारतीय नगर में 150 रूपये में प्लाट मिलजाता था अब वो ( पिछले 8 सालो में ) अब 450 से  500  रूपये वर्ग फुट होगया है , वो भी 8 से 10 सालो में .जबकि  वह ज्यादातर प्लाट अवैध कालोनी में आते है कही कही तो 5 से 8 फुट की सकरी गलिय है . गार्डन  और पार्क के नाम पर BDA का लगा हुआ दीनदयाल उद्यान है i यह तो हाल है और ऐसा कुछ आने वाले सालो में रायपुर रोड का होने वाला है तिफरा से बोदरी तक होने वाला है.
  वर्तमान में होम लोन पर ब्याज दरें कुछ बढ़ गई है !  इस बिच बिलासपुर प्रॉपर्टी मार्केट में कुछ बड़े आवासीय प्रोजेक्ट भी आये जिसमे   छोटे बड़े बहुत से प्रोजेक्ट पर लोगो ने निवेश किया ! मेरा अनुमान है की लोगो का  स्वतंत्र  आवासीय परिसर के लिए  रुझान उसलापुर, मंगला रोड और रायपुर रोड की तरफ ज्यादा था ! कमर्शियल प्रोपर्टी पर भी निवेश बहुत शानदार रहा है खास कर आफिस स्पेस पर. आज बिलासपुर में आफिस स्पेस का किराया  25 / से 45 / रूपये प्रति वर्ग फुट  के बिच चल रहा है यही कारण लोगो का  आफिस की ओर निवेश के प्रति रुझान के आकर्षण का कारण है . जो ज्यादा लम्बे समय तक चलने वाला है वतमान में मुझे लगता है की अभी रायपुर रोड उसलापुर और सीपत रोड पर अभी आफिस स्पेस पर निवेश करने का ठीक समय है ऐसा मुझे लग रहा है . (इस ब्लॉग में लिखे हुए विचार मेरे है आप प्रोपर्टी पर निवेश करने से पहले किसी प्रोपर्टी एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लेले )

Tuesday, July 13, 2010

मैं कमल विहार का बहुत बड़ा समर्थक हूँ  पर मुझे RDA का मार्कटिंग का तरीका कुछ नहीं समझ में आता आज बिलासपुर के बहुत से लोग कमल विहार और RDA की योजनाओ में निवेश करना चाहते है पर उन्हें सही मार्गदर्शन न मिल पाना और ज्यादा प्रचार प्रसार नहीं हो पाने के कारण बिलासपुर कोरबा कोरिया जिले के जरुरत मंद लोग RDA की बहुत सी योजनाओ से वंचित है मुझे लगता है की इस को थोडा सा कार्पोरेट स्तर पर ले जाने की जरुरत है. जैसा की बड़ी इस से राज्य सरकार को भी एक बड़ा हिस्सा राजस्व के रूप में प्राप्त हो कार्पोरेट रियल स्टेट कम्पनिया अपने प्रोडक्ट को बेचने के लिए करती है . होउसिंग बोर्ड  , विकास प्रधिकरण  यह केवल सरकारी सुविधा देने वाले संस्थान न बने. इस से राज्य सरकार  को भी अधिक से अधिक राजस्व प्राप्त हो ...थोडा समय के साथ  चलना होगा ....यह हो सकता है इस के लिए  रियल स्टेट  मार्केट से जुड़े लोगो की सेवाए ली  जाये ....
. होउसिंग बोर्ड  , विकास प्रधिकरण में कुछ नया पण लाने का समय आ गया है